Career Field of Biotechnology in India 

जीवविज्ञान और प्रौद्योगिकी को ला रहे एक साथ  :-
हमारे डाॅक्टर शारीरिक क्रियाविज्ञान के स्तर पर होने वाले बदलावों के बारे हमें जानकारी दे सकते है पर बायोटेक्नोलाॅजिस्ट वे पेशेवर हैं जा सूक्ष्म स्तर पर हो रहे बदलावों को देखते है और मरीजों को खतरनाक बीमारियों से लड़ने में मदद करते हैं। जैव प्रौद्योगिकी विज्ञान और प्रौद्योगिकी के बीच सेतु का काम करती है और कोशिका की संरचना में अपेक्षित करने और उसके लाभ लेने की सुविधा देती है। यदि दवाइयों, टीेकों और निदान से जुड़े परीक्षणों का विकास करने, उन्हें बेहतर करने में रूचि रखते हैं तो यह आपके लिए सही विकल्प होगा। आईआईटी जैसे शीर्ष संस्थानों मे भी स्नातक स्तर पर यह कोर्स उपलब्ध है।
एक नजर में :-
कॅरियर विकल्पः बायोटेक्नोलाॅजिस्ट, बायोटक इंजीनियर, एनालिस्ट, एपिडेमियोलाॅजिस्ट, एनिमल साइंटिस्ट, एग्रीकल्चर साईटिस्ट, माइक्रोबायोलाॅजिस्ट, बायोमेडिकल इंजीनियर, रिसर्चर प्रोग्रामः बीएससी/बीटेक (बायोटेक्नोलाॅजी) अवधिः तीन वर्ष योग्यताः पीसीबी/एम के साथ 12वीं उŸाीर्ण कॅरियर क्षेत्रः पशुपालन, कृषि, शोध प्रयोगशाला, फुड इंडस्ट्री।