Job Opportunities in Archeology 

रहस्य की परतें खोलने वाला विज्ञान :-
अधिकतर संस्कृतियों और सभ्यताओं का इतिहास समृद्ध होता है। इतिहास भले ही स्थिर विषय होने का अहसास देता हो लेकिन यह असल में नए ज्ञान और अन्वेषण से जुड़ा है। दूसरी चीजों के अलावा आर्कियोलाॅजिस्ट खनन से लिकली मुहर, शिलालेा, स्मारक और संबंधित दूसरी सामग्री पर गौर करते हैं जो उन्हें अतिहास के करीब ले जाती हैं यदि आप इतिहास और ऐतिहासिक सामग्री में रूचि रखते हैं और नए अन्वेषण की तरफ झुकाव है तो यह कॅरियर संतोष देने वाला हो सकता है।
क्या है आर्कियोलाॅजी :-
आर्कियोलाॅजी पुरानी सभ्यताओं द्वारा विकसित और इस्तेमाल की गई सामग्री का अध्ययन है। इस कोर्स का मुख्य ध्येय ऐतिहासिक स्थलों के सर्वेक्षण, पहचान और खुदाई के जरिये प्राचीन मानव संस्कृति का अध्ययन है। आर्कियोलाॅजी में बीए करने के लिए किसी भी स्ट्रीम से 10$2 ही जरूरी है।
भूमिका :-
आर्कियोलाॅजिस्ट का मुख्य कार्य मनुष्य के उद्भव, विकास, वर्तमान और अतीत का अध्ययन है। पुरातत्वविद संस्कृति, भाषा, पुरावशेष और दुनिया की विभिन्न नस्लों की शारिरिक विशेषताओं का अध्ययन करते हैं। उनका प्रोफेशन अकादमिक भी हो सकता है और उन्हें व्यावसायिक या सरकारी क्षेत्र में काम मिल सकता हैै। भारत में पुरातत्वविदों की बहुत मांग है। उन्हें देश के पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग, नेशनल हैरिटेज एंजेसियों आईसीएचआर, कल्चरल गैलरीज, सरकारी एवं निजी काॅलेजों में भी रिक्रूट किया जाता है। भारत में असिस्टेंट आर्कियोलाॅजिस्अ का वार्षिक वेतन 2.5 लाख से 3 लाख रु. तक हो सकता है।
एक नजर में :-
कॅरियर विकल्पः आर्कियोलाॅजिस्ट, कंजचेंटर, म्यूजियम क्यूरेट, हेरिटंेज मैनेजर, हिस्टोरिक बिल्डिंग इंस्पेक्टर प्रोग्रामः बीए इन आर्कियोलाॅजी, (इंडियन हिस्ट्री, कल्चर ऐंड आर्केयोलाॅजी) बीए इन आर्कियोलाॅजी ऐंड म्यूजियोलाॅजी अवधिः 3 साल योग्यताः 10$2 किसी भी स्ट्रीम से।