Important Paper CTET & TETs Paper - II

1. एक समावेशी कक्षा में किसी शिक्षिका की सबसे महत्वपूर्ण भूमिका है
(1) यह सुनिश्चित करना कि शिक्षिका कक्षा को मानक निर्देश दे रही है
(2) बच्चे के माता.पिता के व्यवसाय को जानना ताकि शिक्षिका प्रत्येक बच्चे के भावी व्यवसाय को जान सके
(3) सुनिश्चित करना कि प्रत्येक बच्चे को अपनी सम्भावना को प्राप्त करने का अवसर मिले
(4) कक्षा के लिए ऐसी योजना बनाना कि प्रत्येक बच्चा समान गति से आगे बढ़े
Ans 3
 
2. अपनी कक्षा के बच्चों को उनकी अपनी अवधारणाओं को बदलने में आप किस प्रकार सहायता करेंगे ?
(1) बच्चों को सूचनाएँ लिखाकर उन्हें याद करने को कहकर 
(2) यदि बच्चों की अवधारणाएँ गलत होंए तो उन्हें दण्ड देकर 
(3) तथ्यात्मक जानकारी देकर 
(4) अवधारणाओं के बारे में बच्चों को अपनी समझ को व्यक्त करने का अवसर देकर
Ans 4
 
3. जब बच्चे एक विशेष संख्या में पुस्तकें पढ़ते हैंए तो उन्हें एक प्रमाण.पत्र दिया जाता है। यह रणनीति शायद अधिक समय तक काम न करेए क्योंकि 
(1) यह सम्भवत: बच्चों को केवल प्रमाण.पत्र प्राप्त करने के लिए पुस्तकों को पढ़ने की तरफ ले जा सकती है 
(2) पुस्तकालय में बहुत अधिक पुस्तकों को खरीदने की आवश्यकता होगी
(3) जब अधिक संख्या में बच्चे पढ़ना शुरु कर देंगेए तो बड़ी मात्रा में प्रमाण.पत्र देने होंगे 
(4) पुस्तकों को पढ़ना बच्चों को उनके गृहकार्य को पूरा करने में बाधा डालेगा
Ans 1
 
4. किसी कक्षा में शिक्षक की भूमिका है
(1) समय.सारणी का कठोरता से पालन करना और पाठ्यक्रम से बँधे रहना
(2) सीखने की विश्वसनीय स्थितियाँ जुटाना और शिक्षार्थियो को स्वतन्त्र चिन्तन की  सुविधा देना 
(3) अपने ज्ञान से शिक्षार्थियों को परिपूर्ण करना और उन्हें परीक्षा के लिए तैयार करना 
(4) सीधे तरीके से ज्ञान पहुँचाना और शिक्षार्थियों को सही उत्तरों के लिए तैयार करना
Ans 2
 
5.  निम्नलिखित में से कौन.सा कथन बच्चों की त्रुटियों केसम्बन्ध में सबसे उपयुक्त है ?
(1) गलतियों से बचने के लिए बच्चों को शिक्षक का अनुकरण करना चाहिए 
(2) बच्चों की गलतियों को गम्भीरता से लिया जाना चाहिए और उन्हें कठोर दण्ड दिया जाना चाहिए ताकि वे गलतियाँ न दुहराएँ 
(3) बच्चे गलतियाँ करते हैं क्योंकि उनमें विचार करने की क्षमता नहीं होती 
(4) बच्चों की गलतियाँ एक खिड़की के समान होती हैंए यह जानने के लिए कि वे किस प्रकार सोचते हैं
Ans 4

6.  आकलन शिक्षण.अधिगम प्रक्रिया का अभिन्न अंग है, क्योंकि 
(1) आकलन से अध्यापकए बच्चों के अधिगम को समझता है और उसके अपने शिक्षण की परिपुष्टि भी होती है 
(2) आकलन ही एकमात्र तरीका है जो आश्वस्त करता है कि शिक्षकों ने पढ़ाया और बच्चों ने सीखा
(3) आज के समय में केवल अंक ही शिक्षा में महत्वपूर्ण हैं
(4) बच्चों को अंक दिए जाने चाहिए ताकि वे समझ सकें कि अपने सहपाठियों की तुलना में कहाँ पर हैं
Ans 1
 
7. पाठ्यचर्या ऐसी हो जो पाट्य.पुस्तक के ज्ञान को पुनः प्रस्तुत करने के स्थान पर बच्चों को अपनी आवाजें पानेए कार्य करने के लिए अपनी जिज्ञासा का पोषण करनेए प्रश्न पूछने और जाँच.पड़ताल करने तथा अपने अनुभवों को बाँटने तथा विद्यालय के ज्ञान के साथ जोड़ने में सक्षम बनाए।" राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा 2005, पृ. 13 इस पृष्ठभूमि मेंए एक शिक्षक की प्राथमिक भूमिका क्या होनी चाहिए ?
(1) बच्चों को उनकी अपनी समझ और अपने ज्ञान को साझा करने के पर्याप्त अवसर देना 
(2) बच्चों के अनुभवों को निरस्त कर पाठ्य.पुस्तकों पर ध्यान केन्द्रित करना
(3) पाठ्य.पुस्तक के अध्यायों को क्रमवार पूरा कराना
(4) यह सुनिश्चित करना कि शिक्षिका अच्छे प्रश्न पूछे और शिक्षार्थी अपनी उत्तर पुस्तिका में उत्तर  लिखें
Ans 1
 
8.  बच्चों को अपने अध्ययन में प्रयास करने हेतु प्रोत्साहित करने के लिए शिक्षको को ................ आवश्यकता होती है 
(1) बच्चे को नियन्त्रण में रखने
(2) अन्य बच्चों के साथ तुलना करने 
(3) बच्चे को प्रेरित करने 
(4) बच्चे को डाँटने
Ans 3
 
9.  भावनाओं, अधिगम और अभिप्रेरणा के सन्दर्भ में निम्नलिखित में से किस कथन से आप सहमत हैं ?
(1) सीखने के लिए भावनाओं को अलग रख देना चाहिए 
(2) प्रेरणा और सीखने के साथ भावनाएँ घनिष्ठ रूप से जुड़ी हैं 
(3) सीखने के लिए अभिप्रेरित करने में भावनाओं की कोई भूमिका नहीं होती
(4) कुछ नया सीखना इस पर निर्भर करता है कि उसमें हम कितने निपुण हैं
Ans 2
 
 10. बहुविकल्पी प्रश्न बच्चों  की ........... योग्यता का आकलन करते हैं। 
(1) सही उत्तर का निर्माण करने 
(2) सही उत्तर की व्याख्या करने 
(3) सही उत्तर की पहचान करने 
(4) सही उत्तर का प्रत्यास्मरण करने
Ans 3
For More Important Paper CTET & TETs Paper - II - Click Here