जब आपका प्लेसमेंट ना हो 

अगर आपके साथियो का प्लेसमेंट इंटरव्यू में सलेक्शन हो जाए ओर आपका सलेक्शन ना हो तो काफी निराशा होती है। लेकिन जीवन में एक ना एक राह जरूर खुली रहती है। जानते है कि प्लेसमेंट इंटरव्यू में मिले रिजेक्शन के बाद क्या किया जाए।

सबके साथ होता है

जॉब इंटरव्यू को अपनी प्रोफेशनल योग्यताओ से जोडकर नही देखना चाहिए। आपको नही चुनने का फैसला कंपनी ने अपनी जरूरतो के मुताबिक किया है। ऐसे में यह जरूरी नही कि आपने इंटरव्यू में खराब प्रदर्शन किया है। निराश होने के बजाय कंपनी की जरूरतो के मुताबिक खुद को ढालना चाहिए।

अवसर मिलते रहते है

अगर कोई कंपनी आपको रिजेक्ट कर देती है तो इसका मतलब यह नही है कि आपको कहीं भी जॉब नही मिलेगी। प्लेसमेंट प्रोसेस में कई कंपनिया हिस्सा लेती है और आपको कई मौके मिलते हैं। आपको खुद की कमियो पर फोकस करने के बजाय बपनी अच्छाइयों पर देना चाहिए।  हर समय बाजार में ऐसी कई कंपनिया मौजूद होती है, जिन्हे आपके स्किल सेट्स की जरूरत होती है। आपको उन कंपनियो को खोजते रहना चाहिए। अगर आप अपनी क्षमताओं के मुताबिक जॉब खोजते है तो आप अच्छा महसूस करतें हैं और आप उस जॉब में लंबे समय तक टिके रह पाते हैं।

रणनीति तैयार करें

अपने कॅरियर प्लान और स्टें्रथ के बारें में प्लेसमेंट ऑफिसर से डिस्कस करें और अपनी रणनीति बनाएं। अपनी प्राथमिकताओं को लेकर कॉन्शियस न हों। खुले दिमाग से प्लेसमेंट में हिस्सा लें। कई बार आपको सभी चीजे आती है, पर आप उन्हे एक्सप्रेस नही कर पाते। इसलिए पूरी तैयारी के साथ जाएं और बात को स्पष्ट रूप से कहें। बातो को सरल बनाएं रखे।

तनाव न लें

हमेशा दिमाग में इस बात का ख्याल रखें कि रोजाना आपकी तरह इंटरव्यू में कई लोग रिजेक्ट किए जाते हैं। ऐसे लोगो से मिले और उनके अनुभवों को जानने का प्रयास करें। एक-दूसरे के सपोर्ट और जानकारियों को शेयर करने से आपको लाभ हो सकता है। इंटरव्यू में रिजेक्शन को सीरियसली न लें। आने वाली संभावनाओं के बारे में विचार करें और अगले इंटरव्यू की तैयारी में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करें।