जन्तर मन्तर ( जयपुर )

जन्तर मन्तर  एक  खगोलीय  वेधशाला  हैं, जिसका  निर्माण  सवाई  राजा  जयसिंह II ने  कराया  था । इसका  निर्माण  18वीं  शताब्दी  में  जयपुर  में  कराया  गया । इस  वेधशाला  में  14 प्रमुख  यन्त्र  हैं, जो  समय  मापने, ग्रहण  की  भविष्यवाणी  करने, तारों  की  स्थिति  जानने  में  सहायक  हैं । यह  भारत  के  सर्वाधिक  महत्वपूर्ण, सबसे  व्यापिक, ऐतिहासिक  वेधशालाओं  में  से  एक  हैं । इसे  वर्ष  2010 में  युनेस्को  द्धारा  विश्व  विरासत  स्थल  घोषित  किया  गया ।