जयपुर का जन्तर मन्तर 

राजस्थान की राजधानी जयपुर में वर्ष 1724 से 1734 के मध्य आमेर के राजा सवाई जयसिंह द्वारा बनाया गया। जन्तर मन्तर एक खगोलीय वेधशाला है। इसमें 14 प्रमुख यन्त्र है जो समय मापने ग्रहण की भविष्यवाणी करने किसी तारे की गति एवं स्थिति जानने सौरमण्डल के ग्रहो के दिक्पात जानने आदि में सहायक है।जयपुर के जन्तर मन्तर को वर्ष 2010 में युनेस्को द्वारा विश्व धरोहर घोषित किया गया। सवाई जयसिंह द्वारा जयपुर के अलावा दिल्ली उज्जैन बनारस और मथुरा में भी जन्तर मन्तर का निर्माण कराया गया था वर्तमान में केवल दिल्ली ओर जयपुर के जन्तर मन्तर ही शेष बचे है।