भारतीय डेयरी अनुसंधान संस्थान ( करनाल )
राष्ट्रीय डेयरी अनुसंधान संस्थान ( एनडीआरआई ) करनाल, हरियाणा में स्थित हैं, जो मूल रूप से वर्ष 1923 में स्थापित हुई थी । इस संस्थान को वर्ष 1989 में मानद विश्वकवद्यालय का दर्जा प्राप्त हुआ । मूल रूप से वर्ष 1923 में यह पशुपालन और डेयरी षाही संस्थान के रूप में बंगलोर में स्थापित हुआ था तथा वर्ष 1936 में इसे इम्पीरियल डेयरी संस्थान बना दिया गया तथा आजादी के बाद वर्ष 1955 में इसे करनाल स्थानान्तरित कर दिया गया । यह संस्थान पशुपालन तथा पशुओं के उन्नत किस्मों के विकास पर अनुसंधान करता हैं । इसी संस्थान द्धारा आईवीएफ द्धारा दुनिया की पहली भैंस बनाई गई तथा पहला क्लोन बछड़ाए भैंस का क्लोन गरिमाए गामीनीए श्रेष्ठ को बनाकर इतिहास रचा ।